लोकतांत्रिक प्रक्रिया से संभागीय कोलता समाज रायगढ़ का गठन के बाद हुए कई विकास कार्य

रायगढ़ /कोलता समाज बाहुल्य का एक गढ़ रायगढ़ संभाग जहां 40 शाखाओं में गठित आंचलिक एवं शाखा सभा से 249 पदाधिकारियों से सुसज्जित है। जिनका लोकतांत्रिक प्रक्रिया से सर्व आंचलिक अध्यक्ष व पदाधिकारी गण
सर्व शाखा सभा अध्यक्ष व पदाधिकारी गण, चुने हुए समाज के जनप्रतिनिधियों व विशाशहे जाति बंधु गणों से कोलता समाज संभाग रायगढ़ का गठन हुआ जो अब तक का सबसे सशक्त और लोकतांत्रिक प्रक्रिया से हुआ है।जहां संभागीय अध्यक्ष का सभी आठ अंचलों के चालीस शाखाओं के पदाधिकारियों के मध्य रथू गुप्ता को सर्व सम्मति से अध्यक्ष बनाया गया,एवं सभी अंचलों से संभागीय टीम का गठन हुआ।
जानकारी के लिए बता दें कि रायगढ़ संभाग में निवासरत समस्त जाति बंधुओं को एक सूत्र में पिरोकर समाज के सर्वांगीण विकास के लिए चतुर्थ स्तरीय कोलता समाज संभाग रायगढ़ का गठन किया गया है। सर्वप्रथम सभी गांवों में ग्राम प्रतिनिधियों का चुनाव कर लोकतांत्रिक प्रक्रिया से शाखा सभा का गठन किया गया। तत्पश्चात् इसी तरह सभी 40 शाखा सभा के पदाधिकारियों के द्वारा अपने अपने आंचलिक सभा का गठन किया गया। रायगढ़ , पूसौर, सरिया,कोठीखोल, घरघोडा तमनार, लैलूंगा व धर्मजयगढ़ के आठ अंचल के सभी पदाधिकारियों एवं शाखा सभा के निर्वाचित पदाधिकारियों ने मिलकर संभागीय सभा का गठन किया। जिसमें रत्थू गुप्ता को निर्विरोध अध्यक्ष के पद पर निर्वाचित किया गया।संभागीय सभा रायगढ़,आठ अंचल एवं चालीस शाखा सभा के निर्वाचित पदाधिकारियों के नाम व मोबाइल नंबर का पीडीएफ प्रेषित किया गया है। उक्त पीडीएफ फाइल में उल्लिखित नाम के अलावा कोई अन्य व्यक्ति शाखा सभा, आंचलिक सभा अथवा संभागीय सभा का पदाधिकारी होने का दावा या प्रकटीकरण किसी भी रूप में करता है तो कोलता समाज स्वीकार नहीं करता।यह भी ज्ञात हो कि इसी तरह चतुर्थ स्तरीय सांगठनिक संरचना के अनुसार सरगुजा एवं रायपुर संभाग में भी संभाग स्तरीय सभा का गठन किया गया है तथा तीनों संभाग के निर्वाचित पदाधिकारियों ने छत्तीसगढ़ कोलता समाज का गठन निर्वाचन पद्धति से श्री व्यास देव भोई ( संरक्षक) के नेतृत्व में किया है। ललित शाहा एवं कतिपय लोगों द्वारा अपने निहित स्वार्थों के लिए समाज की एकता को विखंडित करने का कुत्सित प्रयास किया जा रहा है, इन लोगों ने पूर्व में भी प्रांतीय चुनावी बैठक में शामिल होने की बात कहकर अनुपस्थित रहे तथा समाज को गुमराह कर रहे हैं।ऐसे तत्वों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई के लिए पिछले दिनों प्रांतीय कमेटी में प्रस्ताव पारित हो चुका है। जिसके बाद संभाग के अध्यक्ष रथू लाल गुप्ता ने समाज से अपील किया गया है कि ऐसे विघ्नसंतोषी तत्वों से सावधान रहते हुए तथा समाज के मुख्य धारा में जुड़कर सामाजिक हित में काम करने के लिए आगे आना है। समाज के हित में अपने सुझाव अथवा शिकायत पी डी एफ में उल्लेखित अपने शाखा सभा , आंचलिक सभा अथवा संभागीय सभा के के निर्वाचित पदाधिकारियों को जानकारी दिया जाना है।



