स्वामी आत्मानंद विद्यालय में एडमिशन शुरू,क्या शिक्षकों की कमी को देखते हुए छात्र छात्राये लेंगी रुचि

सुवर्ण कुमार भोई
बरमकेला/शिक्षण सत्र 2025-26 में प्रदेश के सभी स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी और हिंदी माध्यम विद्यालयों में छात्र-छात्राओं के एडमिशन हेतु सेजेस पोर्टल में ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि 05 मई निर्धारित है। इन विद्यालयों में प्रवेश हेतु आवेदन ऑनलाईन तथा ऑफलाईन दोनों माध्यमों से किया जा सकेगा। एक विद्यार्थी एक विद्यालय हेतु ही आवेदन कर सकेगा।प्रत्येक कक्षा में रिक्त सीट का 50 प्रतिशत छात्राओं का चयन किया जायेगा। बालिकाओं की पर्याप्त संख्या नहीं मिलने पर बालकों से सीट भरी जा सकेगी।बी.पी.एल. एवं आर्थिक रूप से कमजोर पालकों के बच्चों को कुल रिक्त सीट के 25 प्रतिशत सीटों के विरुद्ध प्रवेश दिया जायेगा। पालकों को सक्षम अधिकारी द्वारा जारी आय प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा। कुल रिक्त पदों के 25 प्रतिशत सीटों पर आवेदक बच्चों का प्रवेश लॉटरी सिस्टम से होगा अर्थात कम्प्यूटर के माध्यम से रेंडमली चयन किया जायेगा। रिक्त सीट के विरुध्द अधिक पात्र आवेदक होने पर लॉटरी से चयन किया जायेगा। कक्षा पहली में प्रवेश हेतु विद्यार्थी की आयु 31 मई 2025 की स्थिति में 5 वर्ष 6 माह से 6 वर्ष माह के मध्य होनी चाहिये।
सारंगढ़ बिलाईगढ़ जिले में स्वामी आत्मानंद विद्यालय के अंतर्गत देखा जाए तो
जिले में अंग्रेजी माध्यम विद्यालय सारंगढ़,बरमकेला,बिलाईगढ़,भटगांव,बालपुर, पवनी और परसापाली में संचालित है। इसी प्रकार स्वामी आत्मानंद शासकीय हिंदी माध्यम विद्यालय छिंद,गोडम, गाताडीह,पेंड्रावन,टूण्डरी और डोंगरीपाली में संचालित है।
वैसे वनांचल स्वामी इधर बरमकेला ब्लॉक से आत्मानंद उत्कृष्ट हिंदी माध्यम विद्यालय डोंगरीपाली में विषयवार कई शिक्षकों सहित प्राचार्य,चपरासी,लाइब्रेरियन टीचर सहित अन्य कई शिक्षकों की कमी को देखते हुए छात्र छात्राओं को एडमिशन लेने में रुचि नहीं दिख रही है। शहरों के इंग्लिश मीडियम स्कूलों में स्कूल शिक्षकों की स्टाफ पूरी भरी पड़ी रहती है जबकि ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षकों का अभाव हमेशा रहता है।स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिंदी माध्यम विद्यालय डोंगरीपाली में जब कभी कोई शिक्षक की प्रतिनियुक्ति व्यवस्था किया जाता है तो शिक्षक यहां आने से कतराते है और सेटिंग कहे या शासन की लच्चर व्यवस्था यहां कई सालों से शिक्षकों की कमी है और किसी के कानों में जू तक नहीं रेंग रहा है।कांग्रेस सरकार ने सरकारी स्कूल को स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिंदी माध्यम विद्यालय डोंगरीपाली देकर बढ़िया तालियां बटोरी,पर नाम बदलने के सिवा कुछ नया नहीं हुआ।अब जब सत्ता बदल चुकी है और डेढ़ साल भी हो चुके है कोई शिक्षक की व्यवस्था नहीं।अब ज्यादा से ज्यादा भाजपा सरकार भी पी एम श्री नाम बदल फिर बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करेगी,यह काम इस देहात पिछड़े एरिया में चलता ही रहेगा,अब स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिंदी माध्यम विद्यालय डोंगरीपाली के छात्र छात्राओ को यही सुनते हुए मिल रहा है कि यहां से पलायन करना ही एक विकल्प होगा।



