स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिंदी माध्यम विद्यालय डोंगरीपाली में गांधी-शास्त्री जयंती समारोह का आयोजन


बरमकेला/ बरमकेला विकासखण्ड के वनांचल क्षेत्र डोंगरीपाली क्षेत्र संचालित स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिंदी माध्यम विद्यालय डोंगरीपाली में स्वच्छता कार्य, सर्वधर्म प्रार्थना, विचार गोष्ठी का आयोजन कर गांधी-शास्त्री जयंती मनाया गया।
विदित हो कि स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिंदी माध्यम विद्यालय डोंगरीपाली में गांधी जयंती के अवसर संस्था के प्राचार्य उग्रसेन चैाधरी जी के मार्गदर्शन एवं कार्यक्रम अधिकारी श्रीमती हेमलता मालाकार निर्देशन पर राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों नें शाला परिसर में स्वच्छता ही सेवा 2024 कार्यक्रम के स्वच्छता कार्य कर प्रति सप्ताह दो घण्टे सेवा करने का लिया। तदुपरांत शाला के विद्यार्थियों एवं शिक्षकों ने सर्वधर्म प्रार्थना सभा एवं राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं लालबहादूर शास्त्री जी के जीवन दर्शन पर विचार गोष्ठी का आयोजन किया। कार्यक्रम के शुभारंभ अवसर पर संस्था के प्राचार्य एवं शिक्षकों ने मां सरस्वती, महात्मा गांधी एवं लाल बहादुर शास्त्री के प्रतिमा के समक्ष पर पुष्प अर्पित कर पूजा अर्चना की। स्वयंसेवकों ने समस्त शिक्षक-शिक्षिकाओं और पुलिस प्रशासन से आए हुए अतिथि प्रभात डहरिया का स्वागत पुष्पगुच्छ, तिलक एवं एन एस एस बैज लगाकर के किया। विचार प्रस्तुति के क्रम में शाला के व्याख्याता सोनसाय भगत, श्रीमती अनिता लकड़ा, शिक्षक संजय कुमार भोय एवं छात्र-छात्राओं ने गांधी जी के मोहनदास करमचंद से राष्ट्रपिता बनने तक तथा प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री जी के भारत निर्माण हेतु स्वतंत्रता पूर्व एवं स्वतंत्र्योतर योगदान संघर्ष एवं योगदान को याद किया। सभा में उपस्थित आरक्षक प्रभात डहरिया ने गांधी जी के विचारों का वर्तमान परिप्रेक्ष्य में महत्व, भारत के स्वतंत्रता के उनके प्रयासों सहित पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री जी के हरित और श्वेत क्रांति से संबंधित अवदानों को याद किया। विद्यार्थियों और स्वयंसेवकों ने भी गांधीजी एवं शास्त्रीजी को आदर्श मानकर उनके जीवन दर्शन से प्रेरणा लेने का विचार व्यक्त किया।
यह कार्यक्रम शाला के विद्यार्थी-शिक्षक एवं आगंतुक शेख साइस्ता खान, मनोहर सोना, अनंत साव एवं अजय साहू की गरिमामयी उपस्थिति में सम्पन्न हुई। जिसका संचालन रासेयो को कार्यक्रम अधिकारी हेमलता मालाकार तथा आभार संस्था के प्रभारी प्राचार्य उग्रसेन चैाधरी जी के द्वारा किया गया।



