डोंगरीपाली अंचल में ग्राहक सेवा केंद्र पर महतारी वंदन ई केवाईसी पर जनता परेशान

बरमकेला/राज्य सरकार के आदेश पर छत्तीसगढ़ में महतारी वंदन योजना का ई केवाईसी अनिवार्य किया गया है।जो कि पूरी तरह निःशुल्क बताया गया है।अब हितग्राही से सुनने में आया है कि प्रत्येक ग्राहक सेवा केंद्र में संचालक द्वारा ई केवाईसी के नाम पर 50 रुपए की राशि ली जा रही है।जनता गांव से ग्राहक सेवा केंद्र तक कड़ी धूप में आकर लाइनों में खड़ी होकर कितना समय अपव्यय कर रही है।डोंगरीपाली, गौरडीह और मिशन चौक में महतारी वंदन योजना का ई केवाईसी कार्य जोरो पर है,जहां रात्रि कालीन तक कार्य चल रहे है।अब सवाल उठता है निःशुल्क कार्य के बदले 50रुपए उगाही का किसने आइडिया दिया।अगर ऐसे हालात रहे तो पूरे जिले में 2 लाख 55 हजार लाभार्थी हितग्राहियों से करोड़ों की वसूली हो जाएगी।अब इसे वसूली,लुट कहे या निर्देशानुसार कार्य कहे जनता परेशान बहुत है।सरकारी योजनाओं में अब जनता को समय समय पर खर्च करने होंगे ऐसे चलता रहा तो।नया नाम जुड़वाने के लिए दफ्तरों के चक्कर काटने को हितग्राही मजबूर भी है।
हितग्राही क्या चाहते हैं:
हितग्राहियों का कहना है कि अगर सरकार ई केवाईसी के नाम पर 50 रुपए लेना चाहती है तो हम जरूर देंगे पर ग्राहक सेवा केंद्र आकर गांव पर शिविर लगाए, ताकि इतने कड़ी धूप में इतने दूर हमे आना न पड़ें।या फिर आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के माध्यम से कार्य पूर्ण किए जाएं।



